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कबूलनामा... वंशवाद कबूल है!

हर...हर मोदी! धन्य है यह देश भक्ति!

वो जिस आग को बुझाने के लिए रो रही थी, बाबा तो उसे ही हवा देने निकले हैं...

कौन नारंग? वो तो हिन्दू था न?

इ पब्लिक का नेता जी को बधाई!

हम भी भक्त है, हाँ, तुम बड़े वाले हो!

यहां तो नेता और बलात्कारी एक जैसे नजर आते हैं...।

आंखों देखी! पंचायत चुनाव के पहले की एक रात।

हमीं चुनते हैं नेता! हमें तो यकीन नहीं, क्या आपको है?

लो आ गए राहुल भैया, नाचो ता थईया ता थईया ता थईया...

सत्ता चली गांव की ओर...???

आप की जीत और उसके चर्चें

दिल्ली चुनाव परिणाम के बहाने

यह चुनावी सवाल हैं जनाब!

छपरा का उत्तराधिकारी कौन?

... आखिरकार शराब पी, रुपये ले और मुर्गा खा ही हुई वोटिंग

नगर निकाय चुनाव : होगी बस जाति, पैसे व शराब की बात

अयोध्‍या के बहाने...

वे कहते हैं, बिहार बदल रहा है